बनवास पे था मेरे घर का बचपन

बनवास पे था मेरे घर का बचपन,
सबको खबर हो वो अब लौट आया है,
चहकने लगी है आज सीढिया छत की,
जो उनसे लिपटने, उनपे रेंगने,
नन्हें कदमों का दौड़ आया है..

सज रही है खिड़की पार की पेड़-पौधे-झाड़ियां,
कि उनको समझने, उनकी बात करने,
नई नज़र लिए मेहमान आया है,
बनवास पे था जो मेरे घर का बचपन,
सबको ख़बर हो वो अब लौट आया है….

©सन्नी कुमार

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मिलना जब जरूरी हो

मिलना जब हो जरूरी,
तो अक्सर पल नहीं मिलते,
लिखना जब हो कुछ खास, तो अक्सर शब्द नहीं मिलते,
आज जब चाहता हूं कि मिलके दूँ तुम्हें मुबारकबाद,
समय का खेल है ऐसा
कि अब आप नहीं मिलते।

है यादों में हमारे,
आपका रोज ही आना,
पर अब यादों से इतर,
हम रूबरू नहीं मिलते,
हो आपको खबर ये कि
अब भी बहुत मानते है हम,
जताते दिल के हर जज़्बात,
जो एक बार तुम मिलते।
©सन्नी कुमार

ऐसा कब सम्भव हो पाया है

मुस्कुराता रहा दिन भर,
जो तुम फिर याद आयी थी,
मालूम चला कि तप रहा हूँ बुखार में,
जब हक़ीक़त पास आई थी..

थी तुम एक हसीन ख्वाब,
जो मुझको मुझसे दूर ले गई,
जीवन के कड़वे सच का,
इस मूरख को ज्ञान दे गई।

आज मस्त हूँ अपने बढ़ते सफर में,
फिर ये मौसम, ये गलियां,

और गिनती के अच्छे लोग,
तुम्हारी याद दिलाते है,
पढ़ लेता हूँ अक्सर वो पन्ने,
जो तुम्हारी याद दिलाते है।

तुम हो नहीं आज,
पर तुमसे ज्यादा पाया है,
ख्वाबों से बेहतर हो गई जिंदगी,
तुम्हारे दुआओं में खुद को महफूज़ पाया है,
है हसरत एक आज भी,
की तुमसे मिलूं,
पर अतीत और वर्तमान मिल जाये,
ऐसा कब सम्भव हो पाया है? 😊
© सन्नी कुमार

मैं मूरख अंग्रेजी पर मरता हूँ

मैं हिंदी का बेटा हूँ,
उर्दू मेरी मासी है,
भोजपुरी भौजाई दाखिल,
बज्जिका मेरी बोली है..
मगही-मैथिली मुझे है चाहने वाले,
अवधी-खरी में जी मैं जंचता हूँ,
पर अपनों की खास कदर नहीं जी,
मैं मूरख अंग्रेजी पे मरता हूँ…
©सन्नी कुमार

मैं उनसा होना चाहता हूं

कुछ लोग मेरी मजबूरी है,
कुछ लोगों की मैं मजबूरी हूँ,
कुछ हुए अब तक मजबूर नहीं,
मैं उनसा होना चाहता हूँ…

कुछ को शोर शराबे की आदत,
कुछ चापलूसी के नायक है,
कुछ बचे है अब भी कर्मों के सिपाही,
मिल जिनसे रोज मैं सीखता हूँ।

कुछ बातों के अधिनायक है,
कुछ चुप्पी के महासागर है,
कुछ कर्मपथ के शांत सरोवर,
मैं जिनको लिखना चाहता हूं।

कुछ लोग मेरी मजबूरी है,
कुछ लोगों की मैं मजबूरी हूँ,
कुछ हुए अब तक मजबूर नहीं,
मैं उनसा होना चाहता हूँ…
©सन्नी कुमार

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